Posted on November 27th, 2009 by alok
दिल्ली से निकलने वाली एक गाड़ी को मेरठ के पास रोक लिया गया। दिल्ली से निकलने वाली अमृतसर स्वर्णजयंती गाड़ी को पंजाब में किसानों ने रोक लिया। भुवनेश्वर से चली राजधानी एक्सप्रेस का नक्सलियों ने अपहरण कर लिया। रेल यात्रा का मामला भी रिस्क में कुछ कुछ हवाई यात्रा जैसा होता जा रहा है। [...]
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Posted on November 23rd, 2009 by alok
मेट्रो ट्रेन फिर ठप हो गयी। राजीव चौक के पास फंस गयी। सुरंग में फंसकर यात्री परेशान हो गये।
1- इस खाकसार का सुझाव है कि मेट्रो वालो को ट्रेन यात्रा के साथ एडवेंचर गेम्स के पैसे भी चार्ज कर लेने चाहिए। द्वारिका से राजीव चौक के सफर के एडवेंचर गेम का नाम हो सकता [...]
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Posted on November 22nd, 2009 by alok
वैधानिक चेतावनी-यह व्यंग्य नहीं है
खबरें बदल रही हैं। रोजगार बड़े शहरों के मुकाबले छोटे शहरों में तेजी से बढ़ रहा है। तमाम कंपनियां माल बेचने के लिए छोटे कस्बों को ज्यादा बेहतर पा रही हैं। मोबाइल सेवा देने वाली कंपनियों का कहना है कि अब विस्तार की गुंजाईश मुंबई, दिल्ली जैसे शहरों में नहीं है, [...]
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Posted on November 18th, 2009 by alok
दूध के भाव बढ़ गये है, डेरी भले ही मदर के नाम की है, पर वहां के भाव सुनकर ग्रांडफादर याद आ रहे हैं। दूध के भाव बढ़ कर जहां पहुंच रहे हैं, वहां पर उनके पहुंचने से आने वाले दिनों में चोरी की खबरें बदल जायेंगी। आने वाले दिनों में चोरी, डाके की [...]
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Posted on November 6th, 2009 by alok
संथानमजी कह रहे हैं कि हमारे परमाणु बम में दम नहीं है।
सरकार कह रही है कि संथानमजी की बात में दम नहीं है।
कुछ एक्सपर्ट कह रहे हैं कि संथानमजी भी सही हैं और सरकार भी।
पब्लिक समझ नहीं पा रही है कि किसकी बात को दमदार माना जाये।
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