Posted on October 31st, 2007 by alok
प्रेमी बनाम कुत्ते
आलोक पुराणिक
रेडियो से खाकसार को दो काम मिले। एक -कुत्तों के कार्यक्रम पर स्क्रिप्ट लिखनी थी और काम नंबर दो में प्रेमियों पर आधारित एक कार्यक्रम की स्क्रिप्ट भी लिखनी थी। दोनों स्क्रिप्टें अलग-अलग लिखकर दे दी गयीं।
किसी बहुत बड़े एक्सपर्ट [...]
Filed under: dog, dogs, hindi, hindi satire, love, lover | 12 Comments »
Posted on October 30th, 2007 by alok
पानात्मक च ज्ञानात्मक स्टाइल
आलोक पुराणिक
दिल्ली में ही चार इंटेलेक्चुअलों को मैं जानता हूं, जिनका बुद्धिजीवित्व नान-पानात्मक सिचुएशन में साइलेंट और घणा प्रखर हो उठता है।
आप खुद नोट कर लीजिये, जिन बंदों को पान-खाऊ मुद्राओं [...]
Filed under: BJP, CPM, PARVEZ MUSSHARAF, bazar, bush, coalition politics, corruption, hindi, hindi satire, indian left, left, neta, pan, politician, politics | 10 Comments »
Posted on October 29th, 2007 by alok
पान बनाम ईमान
आलोक पुराणिक
वो बात नहीं रही-जो यह बात कहते हैं, उनमें भी वो बात नहीं रही।
पतन सब तरफ है।
पान की दुकानें तक इससे अछूती नहीं हैं। हाल के सालों में पान की दुकान में पान वैसे ही कम होता [...]
Filed under: bazar, consumer, corruption, family, hindi, hindi satire, inflation, kalidas, love, neta, pan | 10 Comments »
Posted on October 28th, 2007 by alok
वैधानिक चेतावनी-यह व्यंग्य नहीं है।
कांपेक्ट के कांपलेक्स
आलोक पुराणिक
सामने कंप्यूटर का सीपीयू खुला पड़ा है। कुछ बक्से टाइप आइटम, कुछ तार यहां से घुसते हुए, वहां से निकलते हुए।
इसी अगड़म-बगड़म से लेख निकलते हैं, रिपोर्ट निकलती हैं, जाने क्या-क्या निकलता है।
सीपीयू बंद हो जाता है, डिब्बा बाहर से कित्ता कांपेक्ट लगता है।
कांपेक्ट जो दिखता है, वह [...]
Filed under: sunday | 8 Comments »
Posted on October 27th, 2007 by alok
सिर्फ लेफ्ट मुड़ें उर्फ बंद दरवाजा
आलोक पुराणिक
इस खाकसार के हाथ लेफ्ट के एक बड़े लीडर की डायरी लग गयी है, हाल के पन्ने कुछ इस प्रकार हैं-
15 अक्तूबर 2007
ये ठीक है कि हम लेफ्ट हैं, [...]
Filed under: CPM, UPA, congress i, hindi, hindi satire, indian left, left, manmohan singh, neta, nuclear, politician, politics | 10 Comments »