13 परसेंट कुरसी

डीएमके आ रही है, नहीं आ रही है। मतलब मन तो है, पर पक्का नहीं कि आयेगी या नहीं। अजित सिंहजी भी आते ही आते रह गये।
वो आ रहे हैं। नहीं, आ तो कल गये थे, अब तो जा रहे हैं, क्या पता, कल फिर आ जायें। वैसे एक दिन में सत्ताईस बार आने [...]

स्किन ग्लो और समाजवाद

दिल्ली में गरमी की खबरें गरम हो ही हैं, चुनावी रैलियां ठंडी हो रही हैं। नेता परेशान हैं।
खबरों पर 44.55 डिग्री सेंटीग्रेड का पारा चढ़ गया है। फिल्म स्टार चुनावी रैलियों में आना कैंसल कर रहे हैं। दिल्ली में शनिवार को होने वाली रैली में आना कैंसल करने वाली एक अभिनेत्री से इस संबंध [...]

नेता उर्फ कास्ट इफेक्टिव भूत

दिल्ली में एक बिल्डिंग के पास से गुजर रहा था, विकट आवाजें आ रही थीं।
काट डालूंगा। मार दूंगा।
साला, साला का साला, रोलर, फूं फां।
लगा किसी हारर फिल्म की शूटिंग टाइप चल रही है। चैक किया तो पता चला कि चुनाव आयोग की बिल्डिंग है, यहां के [...]

सूरज मैंने निकाला है जी

दुनिया अपनी धुरी पर घूमती है, इसके लिए कौन जिम्मेदार है।
मैं।
ये जो सूरज रोज पूरब से निकल आता है, इसके लिए किसे क्रेडिट देना चाहेंगे।
खुद को। मुझको।
पर सरजी, कैसे।
अजी यहां से हर शहर के लिए चलने वाली कोई प्राइवेट बस हमे बिना रकम नहीं दिये जा सकती। इस सूरज की क्या औकात है। [...]

प्रति व्यक्ति हाय

विकट सीन हैं इकोनोमी में। समझाना मुश्किल है।
पत्नी कह रही है कि सब तरफ हल्ला है, रुपया गिर रहा है। डालर के मुकाबले रुपया गिर रहा है। हमारे यहां क्यों नहीं गिर रहा है।
चुनावी सीजन में अगर आप चुनाव प्रचार वाले हैं, रैली के ठेकेदार हैं, इश्तिहारी स्लोगन बेचने वाले हैं, तो रुपया गिरता है, [...]